एब्स और कोर · घर पर, बिना इक्विपमेंट
सिट अप: पुरानी क्लासिक एक्सरसाइज़, सही फॉर्म के साथ
सिट-अप में धड़ ज़मीन से पूरा जांघों तक उठता है, जिसमें एब्स के साथ हिप फ्लेक्सर्स भी काम करते हैं। इसकी रेंज क्रंच से बड़ी है और इसके फ़ायदे-नुकसान भी अलग हैं।
बिगिनरबिना इक्विपमेंट
- मुख्य
- एब्सहिप फ़्लेक्सर्स
- सहायक
- ऑब्लिक्स
- लेवल
- बिगिनर
- टाइप
- कंपाउंड · दोनों साइड एक साथ
- सेट × रेप्स
- 3 × 12-15 रेप्स
सिट-अपमुख्यसहायक
0रेप्स
कैसे करें
- पीठ के बल लेटें, घुटने मुड़े, पैर ज़मीन पर सपाट।
- हाथ छाती पर क्रॉस करें।
- ठुड्डी को छाती की ओर हल्का मोड़ें।
- पहले कंधे, फिर पूरा धड़ जांघों की ओर उठाएँ।
- ऊपर के पास एक पल रुकें।
- उसी रास्ते से कंट्रोल के साथ वापस नीचे आएँ।


कोच के टिप्स
- पैर सपाट, घुटने मुड़े।
- ठुड्डी मोड़ें, पहले छाती उठाएँ।
- जांघों की ओर पूरा ऊपर बैठें।
- धीरे नीचे आएँ, कंट्रोल रखें।
साँस: ऊपर उठते समय साँस छोड़ें, वापस नीचे आते समय साँस लें।
आम गलतियाँ
गलतीहाथों से सिर और गर्दन को झटका देना
सुधारसिर को हल्का सहारा दें, उठाने का काम एब्स को करने दें
गलतीझटके से धड़ को ऊपर फेंकना
सुधारआराम से ऊपर मुड़ें, झटका या उछाल नहीं
गलतीपैरों का ज़मीन से उठ जाना
सुधारपूरे समय पैर सपाट और ज़मीन पर टिके रखें
गलतीनीचे आते समय तेज़ी से गिरना
सुधारदो-तीन सेकंड लेकर कंट्रोल से नीचे आएँ
गलतीउठते समय साँस रोकना
सुधारऊपर उठते समय साँस छोड़ें, नीचे आते समय लें
आसान बनाएँ / मुश्किल बनाएँ
आसान बनाएँछोटी रेंज में ताकत बनाने के लिए पहले क्रंच या रिवर्स क्रंच करें।
मुश्किल बनाएँछाती पर हल्की प्लेट पकड़ें, या डिक्लाइन बेंच पर करें।
लक्ष्य के हिसाब से सेट और रेप्स
| लक्ष्य | सेट | रेप्स | आराम |
|---|---|---|---|
| स्ट्रेंथ | 4–5 | 3–6 | 2–4 min |
| मसल ग्रोथ | 3–4 | 6–12 | 90–150 s |
| एंड्योरेंस | 2–3 | 15–25+ | 30–60 s |
और एक्सरसाइज़: एब्स और कोर
लोग ये भी पूछते हैं
सिट अप सही तरीके से कैसे करें?
पीठ के बल लेटकर घुटने मोड़ें और पैर सपाट रखें, हाथ छाती पर क्रॉस करें, ठुड्डी हल्की मोड़ें, फिर धड़ को जांघों की ओर उठाएँ और कंट्रोल से वापस नीचे आएँ।
सिट अप से कौन-सी मसल्स काम करती हैं?
मुख्य रूप से एब्स और हिप फ्लेक्सर्स, और ऑब्लिक्स उठाने को स्थिर रखने में मदद करते हैं।
क्या सिट अप क्रंच से बेहतर हैं?
कोई भी पूरी तरह बेहतर नहीं है: क्रंच कमर और हिप फ्लेक्सर्स पर हल्के हैं, जबकि सिट अप बड़ी रेंज कवर करते हैं और कोर की कुल एंड्योरेंस ज़्यादा बनाते हैं।
यह सामान्य फ़िटनेस जानकारी है, मेडिकल सलाह नहीं। अगर आपको कोई बीमारी या चोट है या आप प्रेग्नेंट हैं, तो शुरू करने से पहले डॉक्टर या फ़िज़ियोथेरेपिस्ट से सलाह लें। सीने में दर्द, चक्कर या तेज़ दर्द हो तो तुरंत रुक जाएँ।









